घटना बुधवार शाम की है जब टिब्बी क्षेत्र में एसडीएम कार्यालय के पास महापंचायत हुई. किसान लंबे समय से ड्यून एथेनॉल प्राइवेट लिमिटेड कंपनी की 450 करोड़ रुपये की लागत वाली अनाज आधारित एथेनॉल फैक्ट्री का विरोध कर रहे हैं. उनका आरोप है कि फैक्ट्री से प्रदूषण बढ़ेगा, भूजल दूषित होगा और फसलें प्रभावित होंगी. महापंचायत शांतिपूर्ण रही, लेकिन बाद में कुछ प्रदर्शनकारी फैक्ट्री साइट की ओर बढ़ गए. ट्रैक्टरों से दीवार तोड़ने के बाद पथराव शुरू हो गया. पुलिस ने भीड़ को नियंत्रित करने के लिए लाठीचार्ज, आंसू गैस के गोले और रबर बुलेट्स का इस्तेमाल किया.
किसान टिब्बी के गुरुद्वारा में आज करेंगे बैठक
हनुमानगढ़ जिले के टिब्बी के राठीखेड़ा में एथेनॉल फैक्ट्री में हुई आगजनी की घटना ने इलाके में हलचल मचा दी. कल हुए बवाल में लगभग आधा दर्जन पुलिसकर्मी घायल हुए थे, जबकि कई किसानों को भी मामूली चोटें आईं. प्रशासन ने तुरंत स्थिति पर काबू पाने के लिए दो दर्जन से अधिक लोगों को हिरासत में लिया और आगजनी करने वालों की शिनाख्त के प्रयास जारी है. आज किसान टिब्बी के गुरुद्वारा में बैठक करेंगे, जिसमें इस घटना और फैक्ट्री के विरोध में आगे की रणनीति तय की जाएगी. पुलिस ने चेतावनी दी है कि किसी भी तरह की हिंसा बर्दाश्त नहीं की जाएगी. फिलहाल टिब्बी का माहौल शांतिपूर्ण है और प्रशासन लगातार निगरानी बनाए हुए है. अधिकारियों का कहना है कि दोनों पक्षों से बातचीत कर स्थिति को नियंत्रित करने की कोशिश की जा रही है. ग्रामीण और किसान अधिकारियों की अपील का पालन कर रहे हैं और आगे की कार्रवाई की प्रतीक्षा कर रहे हैं.
2022 में फैक्ट्री के प्रोजेक्ट को मिली थी मंजूरी
देर रात जिला कलेक्टर डॉ. खुशाल यादव का बयान सामने आया. जिला कलेक्टर खुशाल यादव ने बताया कि किसानों की भावनाओं को देखते हुए और लोकतांत्रिक मांगों को ध्यान में रखते हुए महापंचायत की अनुमति दी गई थी, लेकिन उन्होंने परमिटेड एरिया को छोड़कर फैक्ट्री वाले जगह पर पहुंच गए और तोड़-फोड़ करने लगे. जबकि पूरे इलाके में धारा 144 लागू था. कुछ असामाजिक तत्वों ने फैक्ट्री परिसर को निशाना बनाया और कानून हाथ में लिया. जिन्होंने कानून को अपने हाथ में लिया है उनके विरूद्ध कार्रवाई की जा रही है. उन्होंने बताया कि कई बार समाधान के लिए प्रयास किए गए, लेकिन अब हिंसा बर्दाश्त नहीं की जाएगी. उन्होंने बताया कि कोई भी कानून को अपने हाथ में न लें. यह फैक्ट्री 2022 का ही प्रोजेक्ट है. इसमें एमओयू भी हुआ था. वहीं 2023 में फैक्ट्री को सीएलयू का परमिशन और इसी साल अगस्त में स्टेट पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड का भी इनको परमिशन मिला था.
15 करोड़ के हर महीने खरीदे जाएंगे पराली, मक्का या चावल
कानून को हाथ में लोगों से न लेने की अपील
जिला कलेक्टर ने बताया कि इन सब के बावजूद लोगों ने कानून को हाथ में लिया है. उन्होंने लोगों से अपील की है कि ऐसे न करें, वरना जिला प्रशासन के पास कार्रवाई के सारे अधिकार मौजूद हैं. वहीं, एसपी हरीशंकर ने बताया कि बवाल करने वालों पर कार्रवाई की जाएगी. झड़प में घायल हुए 5 पुलिसकर्मियों का उपचार चल रहा है. बवाल के बाद इलाके में इंटरनेट सेवा बंद कर दी गई है, धारा 144 लागू है और भारी पुलिस बल तैनात किया गया है. स्कूल-कॉलेज और दुकानें बंद रहीं.
15 महीने से किसान कर रहे हैं आंदोलन
किसान पिछले 15 महीनों से अधिक समय से आंदोलन कर रहे हैं. कंपनी का दावा है कि प्लांट केंद्र सरकार के इथेनॉल ब्लेंडेड पेट्रोल प्रोग्राम को सपोर्ट करेगा और पर्यावरण मानकों का पालन किया जाएगा, लेकिन किसानों को यह मंजूर नहीं. घटना में कांग्रेस विधायक अभिमन्यु पूनिया सहित कई लोग घायल हुए हैं. प्रशासन ने शांति की अपील की है और आगे की वार्ता के संकेत दिए हैं.स्थिति तनावपूर्ण बनी हुई है.
श्रीगंगानगर और हनुमानगढ़: एथेनॉल फैक्ट्री विरोध
श्रीगंगानगर: कांग्रेस जिलाध्यक्ष और विधायक रूपिंदर सिंह कुन्नर को पुलिस ने बींझबायला के बस स्टैंड से हिरासत में ले लिया है. विधायक कुन्नर सहित अन्य कार्यकर्ता हनुमानगढ़ के राठीखेड़ा में चल रहे एथेनॉल फैक्ट्री विरोध स्थल के लिए रवाना हुए थे.
हनुमानगढ़: टिब्बी के राठीखेड़ा में एथेनॉल फैक्ट्री में आगज़नी के मामले को देखते हुए, एडीजीपी (ADGP) वीके सिंह हनुमानगढ़ पहुँचे हैं और वहाँ से टिब्बी के लिए रवाना हुए हैं. वे टिब्बी में स्थिति की जानकारी लेंगे. आज टिब्बी में माहौल शांतिपूर्ण बना हुआ है. ग्रामीण आज बैठक कर अपनी आगामी रणनीति तय करेंगे.
Discover more from India News
Subscribe to get the latest posts sent to your email.