RPF उदयपुर के इंस्पेक्टर सुरेंद्र सिंह ने बताया कि मामले में रेल अधिनियम की धारा 153 और 147 के तहत प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू की गई है। मुखबिर की सूचना पर सब इंस्पेक्टर रविन्द्र सिंह और ASI बिशनलाल ने कार्रवाई करते हुए दो नाबालिगों को डिटेन किया है। दोनों की उम्र 14 वर्ष बताई गई है। उन्हें बाल न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें बाल सुधार गृह भेज दिया गया।
पहले भी हो चुकी हैं ऐसी घटनाएं
उदयपुर-डूंगरपुर रेलखंड पर पहले भी पथराव की घटनाएं सामने आ चुकी हैं। करीब दो साल पहले असारवा जा रही एक सुपरफास्ट ट्रेन पर डूंगरपुर के बिछीवाड़ा थाना क्षेत्र में पथराव हुआ था, जिसमें एक बोगी का कांच टूट गया था। हालांकि उस समय किसी यात्री को चोट नहीं आई थी।
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नवंबर 2022 में पटरियों को उड़ाने की हुई थी साजिश
वहीं, नवंबर 2022 में जावर माइंस के पास उदयपुर-डूंगरपुर रेल लाइन पर पटरियों को उड़ाने की साजिश भी सामने आई थी, जिसमें विस्फोटक का इस्तेमाल किया गया था। उस मामले में पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया था और एक नाबालिग को हिरासत में लिया गया था। रेलवे और सुरक्षा एजेंसियां इस ताजा घटना के बाद इलाके में निगरानी बढ़ाने की बात कह रही हैं, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं पर अंकुश लगाया जा सके।
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