उदयपुर की एसीजेएम कोर्ट द्वारा 7 दिन के पुलिस रिमांड पर भेजे जाने के बाद फिल्म डायरेक्टर विक्रम भट्ट और उनकी पत्नी श्वेतांबरी भट्ट से 30 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के मामले में पुलिस पूछताछ जारी है।
गौरतलब है कि विक्रम भट्ट और उनकी पत्नी को 7 दिसंबर को मुंबई से गिरफ्तार किया गया था। मंगलवार को उन्हें उदयपुर कोर्ट में पेश किया गया, जहां पुलिस ने दूरी और दस्तावेजों की बरामदगी में समय लगने का हवाला देते हुए 7 दिन के रिमांड की मांग की, जिसे कोर्ट ने मंजूर कर लिया।
क्या है पूरा मामला
17 नवंबर को इंदिरा ग्रुप ऑफ कंपनीज के मालिक डॉ. अजय मुर्डिया ने भूपालपुरा थाने में विक्रम भट्ट सहित 7 अन्य लोगों के खिलाफ 30 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी का मामला दर्ज कराया था। आरोप है कि फिल्म निर्माण परियोजना के नाम पर उनसे बड़ी राशि ली गई, लेकिन न तो फिल्म बनाई गई और न ही लेनदेन का कोई पारदर्शी ब्योरा प्रस्तुत किया गया।
ये भी पढ़ें: Ajmer News: अजमेर दरगाह को बम से उड़ाने की धमकी भरा ई मेल, घंटों चला सर्च ऑपरेशन, नहीं मिली कोई संदिग्ध वस्तु
अब पुलिस मामले में विक्रम भट्ट को मुंबई ले जाकर फिल्म से जुड़े दस्तावेजों की जांच करवाएगी। इसमें फिल्म से संबंधित खर्चों का पूरा विवरण, वेंडर सूची, भुगतान की रसीदें, स्टूडियो और प्रोडक्शन हाउस के रिकॉर्ड की तलाशी ली जाएगी।
विक्रम भट्ट के वकील जयकृष्ण दवे ने बताया कि भट्ट के पास फिल्म निर्माण से जुड़े सभी खर्चों और दस्तावेजों का पूरा ब्योरा मौजूद है और वे अदालत और पुलिस को सभी दस्तावेज सौंपने के लिए तैयार हैं।
बता दें कि मामले में 16 नवंबर को वेंडर संदीप और को-प्रोड्यूसर महबूब अंसारी को मुंबई से गिरफ्तार किया गया था। वेंडर संदीप को सशर्त जमानत मिल चुकी है, जबकि महबूब अंसारी की जमानत याचिका अदालत ने खारिज कर दी थी।
Discover more from India News
Subscribe to get the latest posts sent to your email.