Rishikesh Latest News : ऋषिकेश दुनिया भर में आध्यात्मिक और पर्यटन नगरी के रूप में प्रसिद्ध है. हर साल लाखों महिला पर्यटक यहां पहुंचती हैं. लेकिन इतने बड़े पर्यटन केंद्र में महिलाओं के लिए एक भी पिंक टॉयलेट न होना गंभीर चिंता का विषय बन गया है. घाटों. बाजारों और पर्यटन स्थलों पर सुरक्षित शौचालय की कमी से महिलाएं परेशान हैं और प्रशासन से जल्द व्यवस्था की मांग कर रही हैं.
पर्यटन नगरी में बुनियादी सुविधा का अभाव
ऋषिकेश में देश विदेश से आने वाले पर्यटकों की संख्या लगातार बढ़ रही है. इनमें बड़ी संख्या महिलाओं की भी होती है. इसके बावजूद महिलाओं के लिए सुरक्षित और स्वच्छ शौचालय की व्यवस्था न होना प्रशासन और जनप्रतिनिधियों की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े करता है. पर्यटन के लिहाज से यह कमी शहर की छवि को भी प्रभावित कर रही है.
बाजारों और घाटों पर भटकने को मजबूर महिलाएं
ऋषिकेश के प्रमुख बाजारों. घाटों और पर्यटन स्थलों पर महिलाओं को शौचालय की सुविधा ढूंढने के लिए काफी भटकना पड़ता है. कई जगहों पर सामान्य सार्वजनिक शौचालय मौजूद तो हैं. लेकिन उनकी साफ सफाई और सुरक्षा व्यवस्था संतोषजनक नहीं है. ऐसे में महिलाओं और बच्चियों को असहज परिस्थितियों का सामना करना पड़ता है.
पिंक टॉयलेट की जरूरत क्यों जरूरी
पिंक टॉयलेट खासतौर पर महिलाओं की जरूरतों को ध्यान में रखकर बनाए जाते हैं. इनमें स्वच्छता के साथ सैनिटरी नैपकिन वेंडिंग मशीन. डिस्पोजल मशीन और बेहतर सुरक्षा व्यवस्था होती है. ऐसे शौचालय महिलाओं को सुविधा के साथ सुरक्षित माहौल भी प्रदान करते हैं. बड़े पर्यटन स्थलों पर यह सुविधा होना अब समय की मांग बन चुकी है.
महिला पर्यटकों ने जताई नाराजगी
लोकल 18 से बातचीत में हैदराबाद से ऋषिकेश घूमने आई श्रुति ने बताया कि उन्हें यह देखकर हैरानी हुई कि इतने प्रसिद्ध पर्यटन स्थल पर महिलाओं के लिए एक भी पिंक टॉयलेट नहीं है. उन्होंने कहा कि हर साल लाखों लोग यहां आते हैं जिनमें करीब आधी संख्या महिलाओं की होती है. ऐसे में कम से कम एक पिंक टॉयलेट की व्यवस्था बेहद जरूरी है.
आपात स्थिति में बढ़ जाती है परेशानी
श्रुति ने बताया कि महिलाओं को कभी भी किसी भी तरह की शारीरिक समस्या हो सकती है. ऐसे समय साफ और सुरक्षित शौचालय का होना बेहद जरूरी होता है. उन्होंने प्रशासन से मांग की कि महिलाओं की जरूरतों को समझते हुए जल्द इस दिशा में ठोस कदम उठाए जाएं.
घाटों पर सुविधाओं की कमी
नागपुर से आई पर्यटक नूपुर ने बताया कि वह योग और प्राकृतिक सौंदर्य का अनुभव लेने ऋषिकेश आई हैं. वह रोजाना घाटों पर घूमने और योग करने जाती हैं. लेकिन वहां महिलाओं के लिए कोई भी उचित वॉशरूम सुविधा नहीं है. घाटों पर बड़ी संख्या में महिलाएं आती हैं. फिर भी इस ओर ध्यान नहीं दिया जा रहा.
स्थानीय महिलाओं की भी यही पीड़ा
स्थानीय महिलाओं का कहना है कि बाजार और भीड़भाड़ वाले इलाकों में शौचालय की सुविधा न होने से उन्हें कई बार असहज स्थिति का सामना करना पड़ता है. मजबूरी में लंबे समय तक शौचालय का उपयोग न कर पाने से स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं भी बढ़ने लगती हैं.
प्रशासन से ठोस पहल की मांग
महिलाओं और पर्यटकों का कहना है कि ऋषिकेश जैसे अंतरराष्ट्रीय पर्यटन स्थल पर पिंक टॉयलेट की व्यवस्था होना बेहद जरूरी है. इससे न केवल महिलाओं की सुविधा बढ़ेगी बल्कि शहर की छवि भी बेहतर होगी. अब जरूरत है कि प्रशासन इस गंभीर मुद्दे पर ध्यान दे और जल्द समाधान निकाले.
Discover more from India News
Subscribe to get the latest posts sent to your email.