भोटिया मार्केट के स्थानीय कारोबारी दिनेश भोटिया बताते हैं कि बर्फबारी नैनीताल के पर्यटन की जान है. उनके अनुसार पिछली बार जब बर्फ गिरी थी तो काफी संख्या में पर्यटक पहुंचे थे और कारोबार में अच्छी तेजी आई थी.
शहर के मॉल रोड, स्नो व्यू, टिफिन टॉप और ठंडी सड़क जैसे प्रमुख पर्यटन स्थलों पर सैलानियों की चहल-पहल बनी हुई है. पर्यटक और स्थानीय कारोबारी हर कोई उम्मीद लगाए बैठे हैं कि कब बादल घिरें और सफेद बर्फ के फाहे गिरना शुरू हों. कई पर्यटक खास तौर पर हिमपात देखने की उम्मीद से नैनीताल पहुंचे हैं, मगर फिलहाल उन्हें साफ आसमान और खिली धूप ही देखने को मिल रही है.
पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय रहने की संभावना
कुछ दिन पहले सीजन की पहली बर्फबारी ने शहर को सफेद चादर में ढक दिया था, जिसके बाद नैनीताल में पर्यटकों की संख्या अचानक बढ़ गई थी. होटल, रेस्टोरेंट और स्थानीय बाजारों में रौनक लौट आई थी और पर्यटन कारोबार को भी गति मिली थी. अब स्थानीय लोग एक बार फिर वैसी ही बर्फबारी की उम्मीद लगाए बैठे हैं. मौसम विभाग के अनुसार 17 और 18 फरवरी को पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने की संभावना है. इसके प्रभाव से ऊंचाई वाले इलाकों में बारिश और बर्फबारी हो सकती है, जबकि मैदानी क्षेत्रों में ठंड बढ़ेगी. इस संभावना ने पर्यटन व्यवसाय से जुड़े लोगों की उम्मीदें बढ़ा दी हैं.
कारोबारियों को मौसम बदलने का इंतजार
भोटिया मार्केट के स्थानीय कारोबारी दिनेश भोटिया बताते हैं कि बर्फबारी नैनीताल के पर्यटन की जान है. उनके अनुसार पिछली बार जब बर्फ गिरी थी तो काफी संख्या में पर्यटक पहुंचे थे और कारोबार में अच्छी तेजी आई थी. उन्होंने कहा कि मौसम विभाग के पूर्वानुमान से उन्हें उम्मीद है कि मौसम बदलते ही फिर से पर्यटकों की आमद बढ़ेगी और व्यापार पटरी पर लौटेगा. वहीं नैनीताल नाव मालिक समिति के सचिव नरेंद्र सिंह चौहान का कहना है कि फिलहाल शहर में ऑफ-सीजन चल रहा है और लगभग 40 प्रतिशत ही काम हो पा रहा है. उन्होंने बताया कि सुबह और शाम झील के आसपास ठंड काफी बढ़ जाती है, जबकि दोपहर की गुनगुनी धूप राहत देती है. उनका मानना है कि यदि ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी होती है तो बड़ी संख्या में पर्यटक नैनीताल पहुंचेंगे और नौकायन समेत सभी गतिविधियां फिर से रफ्तार पकड़ लेंगी.
बर्फबारी से बढ़ता है पर्यटन
पर्यटन व्यवसाय से जुड़े लोगों का कहना है कि नैनीताल में बर्फबारी केवल प्राकृतिक घटना नहीं, बल्कि स्थानीय अर्थव्यवस्था का अहम हिस्सा है. बर्फ गिरते ही होटल बुकिंग, टैक्सी सेवा, फोटोग्राफी, ऊनी कपड़ों और स्थानीय उत्पादों की बिक्री तेजी से बढ़ जाती है. यही वजह है कि स्थानीय लोग भी उतनी ही बेसब्री से बर्फ का इंतजार कर रहे हैं जितना पर्यटक. फिलहाल शहर में धूप और ठंड देखने को मिल रही है.अब सबकी नजरें आने वाले दिनों के मौसम पर टिकी हैं, क्या पश्चिमी विक्षोभ नैनीताल को फिर सफेद चादर ओढ़ाएगा या इंतजार और लंबा चलेगा, इसका जवाब आने वाला समय तय करेगा.
About the Author
विवेक कुमार एक सीनियर जर्नलिस्ट हैं, जिन्हें मीडिया में 10 साल का अनुभव है. वर्तमान में न्यूज 18 हिंदी के साथ जुड़े हैं और हरियाणा, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड की लोकल खबरों पर नजर रहती है. इसके अलावा इन्हें देश-…और पढ़ें
Discover more from India News
Subscribe to get the latest posts sent to your email.