राष्ट्रीय राजमार्ग पांच पर स्थित मलिंग नाला मुसीबत बन गया है। नाले का पानी हाईवे पर करीब एक किलोमीटर तक जम गया है। वाहन जमी हुई बर्फ पर फिसल रहे हैं। छोटे वाहनों को निकले में अधिक परेशानी हो रही है।
वीरवार शाम को भी जमी हुई बर्फ एक ट्रक फंस गया, जिसे बाद में जेसीबी और लोगों की मदद से निकाला गया। इसी तरह अन्य छोटे वाहनों को धक्का देकर निकालना पड़ा। नाले का पानी जमने के बाद किन्नौर जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने भी एडवाइजरी जारी की है। प्राधिकरण ने लोगों से अपील की है कि रात्रि के समय नाला पार करना अत्यंत जोखिम भरा है। रात में इस मार्ग से यात्रा न करें। यदि यात्रा अत्यंत आवश्यक हो तो पूरी सावधानी एवं सतर्कता बरतें।
वहीं, दिन में भी हाईवे पर बर्फ जम जाने से वाहन चालक परेशान हैं। काजा की ओर से जाते समय चढ़ाई में वाहन चालकों को काफी परेशानी हो रही है। हालांकि, बीआरओ के कर्मचारी लगातार हाईवे को खुला रखने में जुटे हुए हैं। मलिंग नाले के पास इस बार की बरसात में मौसम हाईवे को काफी नुकसान पहुंचा था। बरसात में इस नाले के पास हाईवे पर सफर करना जोखिम भरा रहता है।
अब सर्दियों में भी एक बार इस नाले ने मुसीबत बढ़ा दी है। बता दें कि रिकांगपिओ से काजा के बीच मलिंग नाला सबसे ऊंचा स्थान है। इन दिनों मलिंग गांव और नाले में तापमान माइनस 10 डिग्री सेल्सियस नीचे लुढ़क चुका है। हाईवे किनारे से बहने वाला मलिंग नाला बर्फ के पहाड़ में तब्दील हो चुका है। पर्यटक भी यहां जमे हुए पानी को देखकर आनंदित हो रहे हैं। इस नाले का जल स्त्रोत अब मार्च माह के आसपास दोबारा पिघलना शुरू होगा।
Discover more from India News
Subscribe to get the latest posts sent to your email.