केंद्र और राज्य सरकार की विभिन्न नीतियों के विरोध में आज देशव्यापी हड़ताल के मद्देनजर हरियाणा राज्य परिवहन निगम के कर्मचारियों की भागीदारी से बस सेवाओं पर संभावित असर को देखते हुए भिवानी जिले में प्रशासन ने सतर्कता बरती। जिलाधीश साहिल गुप्ता के निर्देश पर रात भर मजिस्ट्रेट और पुलिस अधिकारी ड्यूटी पर तैनात रहे, ताकि कानून-व्यवस्था बनी रहे और किसी भी अप्रिय घटना से बचा जा सके।
जानकारी के अनुसार, कर्मचारियों की विभिन्न मांगों (जैसे पुरानी पेंशन बहाली, ठेका कर्मचारियों का नियमितीकरण, बकाया डीए, वेतन आयोग गठन आदि) को लेकर 12 फरवरी को राष्ट्रीय स्तर पर हड़ताल का आह्वान किया गया था, जिसमें ट्रेड यूनियनों और किसान संगठनों का समर्थन प्राप्त है। हरियाणा में इसका खासा असर परिवहन विभाग पर पड़ने की आशंका थी, जिसके चलते रोडवेज बसों का चक्का जाम या सेवाएं प्रभावित होने की संभावना जताई जा रही थी।जिलाधीश साहिल गुप्ता ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 की धारा 163 के तहत जिले के प्रमुख स्थानों पर प्रतिबंध लगाए।
इसमें शामिल हैं:
- मुख्य बस स्टैंड, भिवानी
- सब-डिपो लोहारू
- सब-डिपो तोशाम
- हरियाणा रोडवेज कार्यशाला परिसर
- लोहारू उप-डिपो और तोशाम उप-डिपो व कार्यशाला परिसर
इन स्थानों के आसपास 2 किलोमीटर की परिधि में किसी भी व्यक्ति को लाठी-डंडे, तलवार, गंडासी, आग्नेय शस्त्र या किसी भी घातक हथियार लेकर चलने पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया गया। साथ ही खुले पेट्रोल, डीजल की बोतल/केन आदि लेकर घूमने पर भी रोक लगाई गई। यह आदेश शांति और सार्वजनिक सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए जारी किया गया।
हड़ताल के दौरान एसडीएम मनोज दलाल सहित नियुक्त ड्यूटी मजिस्ट्रेट और पुलिस अधिकारियों ने रात भर पहरा देकर निगरानी की। अधिकारियों ने बस डिपो, सब-डिपो और कार्यशाला परिसरों में शांतिपूर्ण माहौल बनाए रखा। प्रशासन का फोकस आम जनता को किसी प्रकार की असुविधा से बचाना और किसी भी उकसावे या हिंसा को रोकना रहा। प्रशासन के मुताबिक, अब तक जिले में कोई बड़ी अप्रिय घटना नहीं हुई और स्थिति नियंत्रण में है। हालांकि, हड़ताल के कारण कुछ इलाकों में बस सेवाएं प्रभावित हो सकती हैं, जिससे यात्रियों को निजी वाहनों या वैकल्पिक साधनों का सहारा लेना पड़ सकता है।
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