शहर की घनी आबादी वाली टीचर कॉलोनी में बुधवार रात आठ बजे रुकसाना अपने घर में खाना बना रही थी। उसके चारों बेटे और तीनों बेटियां भी घर में ही मौजूद थीं। रुकसाना और गुलनवाज के बीच नशे को लेकर बहस चल रही थी। रुकसाना ने उसे नशेड़ी कह दिया था। इसी बात पर उसने अपनी अंटी से तमंचा निकालकर रुकसाना को गोली मारने की धमकी दी लेकिन रुकवाना भी शांत नहीं हुई। बेटी जैनब का कहना है कि मां ने गुलनवाज से कहा कि इस खिलौने को अपनी जेब में रख ले बहुत देखे हैं ऐसे खिलौने। इसके बाद गुलनवाज ने गोली मार दी।

2 of 10
मुरादाबाद में रुकसाना की हत्या के बाद गमगीन परिजन
– फोटो : संवाद
ई-रिक्शा चालक शकील ने बताया कि उसने अपनी बड़ी बेटी साहिबा की शादी पांच साल पहले मोती मस्जिद निवासी गुलनवाज के साथ की थी। साहिबा को अभी कोई संतान नहीं हैं। दो माह पहले साहिबा और गुल नवाज भी इसी मकान में आकर रहने लगे थे। बृहस्पतिवार की रात आठ बजे शकील ई रिक्शा चलाने गए थे जबकि उसकी तीनों बेटियां साहिबा, जैनब, अक्शा और चार बेटे अरशद, कैफ शमी व सफी हैं।

3 of 10
मुरादाबाद में रुकसाना की हत्या के बाद गमगीन परिजन
– फोटो : संवाद
दूसरे नंबर बेटी जैनब ने बताया कि सास दामाद के बीच बहस चल रही थी। इसी दौरान गुलनवाज ने तमंचा निकाल लिया और गोली मारने की धमकी दी। मां ने बस इतना ही कहा कि यह खिलौना अपनी जेब में रख ले बहुत देखे हैं ऐसे खिलौने। इतनी बात सुनकर गुल नवाज भड़क गयाऔर गोली मार कर बोला देखा खिलौनेका कमाल। अब कभी मुझे नशेड़ी नहीं बोल पाएग।

4 of 10
मुरादाबाद में रुकसाना की हत्या के बाद गमगीन परिजन
– फोटो : संवाद
कैफ पर भी किया हमले का प्रयास
जैनब का कहना है कि मेरे भाई कैफ ने उसे पकड़ने की कोशिश की तो उस पर गोली लगाने का प्रयास किया लेकिन तमंचे में कारतूस लोड नहीं हो पाया जिस कारण आरोपी मौके से भाग गया।

5 of 10
मुरादाबाद में रुकसाना की हत्या के बाद गमगीन परिजन
– फोटो : संवाद
आस पड़ोस के लोग हिम्मत करते तो पकड़े तो आरोपी
मुरादाबाद। शकीलऔर उनके परिवार को इस मोहल्ले में आए तीन माह ही हुए हैं जिस कारण लोगों से उनकी ज्यादा जान पहचान नहीं है। गोली मारने के बाद आरोपी काफी देर तक घर में मौजूद रहा। रुकसाना की बेटी और बेटे चीखते रहे लेकिन आस पड़ोस के लोग भी नहीं आए। जिस कारण आरोपी इतनी घनी आबादी वाले मोहल्ले आसानी से भाग गए। अगर आस पड़ोस के लोगों ने हिम्मत की होती तो आरोपी पकड़ जा सकते थे।
Subscribe to get the latest posts sent to your email.
Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.