धान खरीदी प्रभारी तथा कम्प्यूटर ऑपरेटर को लोकायुक्त की टीम ने रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ पकड़ा। दोनों धान के भुगतान का चालान देने के लिए किसान से रिश्वत ले रहे थे। लोकायुक्त ने दोनों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज कर लिया है।
लोकायुक्त एसपी अंजुलता पटले से प्राप्त जानकारी के अनुसार दुर्गेश चंद्रवंशी पिता कुंजीलाल चंद्रवंशी उम्र 30 वर्ष, निवासी ग्राम भौमाटोला थाना कान्हीवाड़ा जिला सिवनी ने शिकायत में बताया था कि उसने सिवनी के समनापुर में अपनी धान तुलाई थी। जिसके भुगतान के लिये चालान देने के एवज में आरोपी हसीब अंसारी पिता यासीन अंसारी उम्र 57 वर्ष सेल्समैन (खरीदी प्रभारी) सेवा सहकारी समिति उड़ेपानी, हाल खरीदी प्रभारी समनापुर खरीदी केंद्र जिला सिवनी द्वारा 1800 रुपये की रिश्वत के रूप में मांग कर रहे है। जांच में पीड़ित की शिकायत सही पाई गयी थी।
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पीड़ित रिश्वत की रकम लेकर गुरुवार की दोपहर को धान खरीदी केंद्र पहुंचा था। धान खरीदी प्रभारी ने रिश्वत की रकम मुकेश ठाकुर पिता चेतन सिंह ठाकुर उम्र 22 वर्ष कम्प्यूटर आपरेटर (दैवेभो) को देने के लिए कहा था। कंप्यूटर ऑपरेटर ने पीड़ित से जैसे ही रिश्वत की रकम लेकर अपने पास रखी लोकायुक्त की टीम ने दबिश देकर उसे रंगे हाथ पकड़ लिया। टीम ने रिश्वत की रकम बरामद करते हुए दोनों आरोपियों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत प्रकरण दर्ज कर लिया है। लोकायुक्त की टीम में निरीक्षक शशिकला मस्कुले, जितेन्द्र यादव एवं अन्य कर्मचारी शामिल थे।
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