बुंदेलखंड मेडिकल कॉलेज (बीएमसी) सागर के नाम एक और बड़ी उपलब्धि दर्ज हुई है। मध्यप्रदेश मेडिकल यूनिवर्सिटी द्वारा घोषित एमडी एनेस्थीसिया के परीक्षा परिणामों में बीएमसी की छात्राओं ने पूरे प्रदेश के शासकीय मेडिकल कॉलेजों को पछाड़ते हुए शीर्ष रैंकिंग हासिल की है। कॉलेज की डॉ. कृति जैन ने प्रदेश में प्रथम स्थान प्राप्त कर गोल्ड मेडल पर कब्जा जमाया है, वहीं डॉ. वर्षा ने चतुर्थ स्थान प्राप्त किया है।
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर है विभाग की पहचान
बीएमसी का एनेस्थीसिया विभाग न केवल प्रदेश बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी अपनी शैक्षणिक गुणवत्ता के लिए पहचाना जाता है। यहां लंदन (यूके) और अफ्रीकी देशों से भी डॉक्टर प्रशिक्षण प्राप्त करने आते हैं। विभाग के शोध कार्य नियमित रूप से अंतरराष्ट्रीय जर्नल्स में प्रकाशित होते रहते हैं, जिससे संस्थान को राष्ट्रीय स्तर पर विशिष्ट पहचान मिली है।
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सफलता का श्रेय और खुशी की लहर
ग्वालियर की निवासी डॉ. कृति जैन और हैदराबाद की डॉ. वर्षा ने अपनी इस सफलता का श्रेय विभाग के अनुशासित वातावरण और अपने शिक्षकों को दिया है। छात्राओं ने विशेष रूप से अपनी थीसिस गाइड डॉ. शशिबाला चौधरी एवं डॉ. मोहम्मद इलियास के मार्गदर्शन और ओटी (ऑपरेशन थियेटर) की उच्च स्तरीय कार्य-संस्कृति की सराहना की। यह हमारे कॉलेज के लिए ऐतिहासिक क्षण है। छात्राओं की कड़ी मेहनत और फैकल्टी के समर्पण ने बीएमसी को प्रदेश में शीर्ष पर पहुंचाया है। डॉ. कृति को जल्द ही यूनिवर्सिटी द्वारा गोल्ड मेडल से सम्मानित किया जाएगा।
सम्मान और बधाई का सिलसिला
इस बड़ी उपलब्धि पर विभागाध्यक्ष डॉ. सर्वेश जैन सहित समस्त फैकल्टी ने हर्ष व्यक्त किया है। मीडिया प्रभारी डॉ. सौरभ जैन ने बताया कि यह परिणाम दर्शाते हैं कि बीएमसी सागर अब चिकित्सा शिक्षा के क्षेत्र में एक बड़े केंद्र के रूप में उभर चुका है। सोशल मीडिया और कॉलेज कैंपस में दोनों मेधावी छात्राओं को बधाई देने वालों का तांता लगा हुआ है।