पीटीआई भर्ती परीक्षा-2022 में फर्जी डिग्रियों के जरिए नौकरी पाने वालों के खिलाफ एसओजी की कार्रवाई लगातार जारी है। जालौर जिले को मिले 81 पीटीआई में से अब तक 11 को बर्खास्त और 2 को सस्पेंड किया जा चुका है, जबकि 20 और पीटीआई एसओजी की रडार पर हैं। इन पर उत्तरप्रदेश की जेएस यूनिवर्सिटी शिकोहाबाद और चूरू की ओपीजेएस यूनिवर्सिटी से बैकडेट में फर्जी डिग्रियां लेने का आरोप है।
पीटीआई भर्ती परीक्षा-2022 में बड़े स्तर पर फर्जी डिग्रियों के इस्तेमाल का मामला सामने आने के बाद स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (एसओजी) लगातार कार्रवाई कर रहा है। जांच में अब तक करीब 250 फर्जी डिग्रियों का खुलासा हो चुका है। इनमें मुख्य रूप से उत्तर प्रदेश के शिकोहाबाद स्थित जेएस यूनिवर्सिटी और चूरू की ओपीजेएस यूनिवर्सिटी से बैकडेट में जारी की गई डिग्रियां शामिल हैं।
इस भर्ती के माध्यम से जालौर जिले को कुल 81 पीटीआई मिले थे। इनमें से 3 ने जॉइन नहीं किया, 6 को नियुक्ति आदेश जारी नहीं हुए और 9 का चयन निरस्त कर दिया गया। 2 पीटीआई अन्य भर्ती में चयनित होकर वहां जॉइन कर चुके हैं। शेष में से 11 पीटीआई को डमी अभ्यर्थी बैठाने या फर्जी डिग्री के आधार पर चयन पाने के आरोप में सेवा से बर्खास्त किया जा चुका है, जबकि 2 को सस्पेंड किया गया है।
ये भी पढ़ें: Jaisalmer News: पहली बार सामने आया ‘सुदर्शन’ का फायरिंग वीडियो, 300 किमी दूर दुश्मन का विमान ढेर
एसओजी की जांच में 20 और पीटीआई संदेह के घेरे में हैं। आरोप है कि इनमें से 14 ने जेएस यूनिवर्सिटी, शिकोहाबाद (उत्तर प्रदेश) से और 6 ने ओपीजेएस यूनिवर्सिटी, चूरू से बैकडेट में बीपीएड डिग्री हासिल कर चयन पाया।
जांच में जिन अभ्यर्थियों के नाम सामने आए हैं, उनमें चितलवाना, सांचौर, बागरा, करावड़ी, दांतीवास, चैनपुरा सहित विभिन्न क्षेत्रों के अभ्यर्थी शामिल हैं। इनमें से कुछ को नियुक्ति नहीं मिली थी, जबकि कई पहले से कार्यरत थे।
15 जनवरी को 8 पीटीआई को सेवा से बर्खास्त किया गया था, जिनमें एलची, परमेश्वरी विश्नोई, सुरेश कुमार, राजाराम बेनीवाल, विक्रम कुमार, गणपत लाल, चेतन पुरोहित और विमला विश्नोई शामिल हैं। इसके बाद 5 मई को अशोक, मनोहर लाल विश्नोई और भारमल राम को भी बर्खास्त किया गया। सुरेश विश्नोई पुत्र आसूराम को 9 जून को एसओजी ने गिरफ्तार कर उसी दिन सस्पेंड किया, जबकि मनोहरलाल पुत्र किशनाराम को वर्ष 2024 में निलंबित किया गया। एसओजी पूरे प्रकरण की गहन जांच कर रही है और संभावना जताई जा रही है कि आगे और नाम सामने आ सकते हैं।
Discover more from India News
Subscribe to get the latest posts sent to your email.