शहर में गुरुवार सुबह एक दर्दनाक सड़क हादसे में तेज रफ्तार कार ने सड़क किनारे बैठी मनरेगा श्रमिक महिलाओं को कुचल दिया। हादसे में दो महिलाओं की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि एक बच्चे सहित दो महिलाएं गंभीर रूप से घायल हो गईं। घायलों को तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया, जहां बच्चे को गंभीर हालत में पाली रैफर किया गया है। हादसे के बाद बेकाबू कार सड़क किनारे पेड़ से जा टकराई, जबकि चालक मौके से फरार हो गया।
घटना सामतीपुरा रोड की है, जहां नगर परिषद की ओर से मनरेगा कार्य चल रहा था। सुबह करीब 10 बजे सामतीपुरा की ओर से तेज रफ्तार में आ रही स्विफ्ट कार अचानक अनियंत्रित होकर सड़क किनारे बैठी महिलाओं और बच्चे को रौंदते हुए पेड़ से जा टकराई।
इस हादसे में तासखाना बावड़ी निवासी बदामी (50) पत्नी सुजाराम भील और गुगी देवी (45) पत्नी भंवरलाल भील की मौके पर ही मौत हो गई। वहीं इंदिरा (45) पुत्री विरमाराम भील, उसका बेटा धीरज (3) पुत्र विरमाराम और लीला (48) पुत्री फूटरमल गंभीर रूप से घायल हो गए।
ये भी पढ़ें: Sawai Madhopur: परीक्षा देने निकला था किशोर, 6 दिन बाद जब कुएं में मिला शव तो गांव में सनसनी; हत्या या हादसा?
एम्बुलेंस की मदद से सभी घायलों को जालौर के सामान्य चिकित्सालय पहुंचाया गया, जहां से डॉक्टरों ने धीरज को गंभीर हालत में पाली रैफर कर दिया। बाकी दोनों महिलाओं का इलाज जालौर जिला अस्पताल में चल रहा है।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार सभी महिला श्रमिक मनरेगा स्थल के पास स्थित बाबा रामदेव मंदिर में भोजन कर काम पर लौटी थीं और नीम के पेड़ के पास अपना सामान रख रही थीं, तभी तेज रफ्तार कार ने अचानक उन्हें कुचल दिया। हादसे के बाद ड्राइवर कार छोड़कर मौके से फरार हो गया।
सूचना मिलते ही जालौर डीएसपी गौतम जैन और कोतवाल रामेश्वरलाल पुलिस टीम के साथ घटनास्थल पर पहुंचे और राहत कार्य शुरू कराया। बाद में जिला कलेक्टर डॉ. प्रदीप के. गवांडे और तहसीलदार रणवीर सिंह ने अस्पताल पहुंचकर घायलों से मुलाकात की और उपचार की जानकारी ली। पुलिस ने कार जब्त कर मामला दर्ज कर लिया है और फरार चालक की तलाश शुरू कर दी है। इस दर्दनाक हादसे के बाद शहर में शोक और आक्रोश का माहौल है।
Discover more from India News
Subscribe to get the latest posts sent to your email.