पंजाब स्टेट पॉवर कारपोरेशन लिमिटेड के रिटायर डिप्टी चीफ इंजीनियर बीएल हीर व रिटायर प्रिंसिपल कुलजीत हीर की बेटी साहिला हीर इन दिनों बिहार में छाई हुई हैं और वहां पर तमाम शिक्षा संस्थानों में साहिला के नाम की चर्चा बनी हुई है। दरअसल, साहिला हीर बिहार के प्राथमिक शिक्षा की डायरेक्टर रही हैं और शिक्षा जगत में नए आयाम स्थापित करने के बाद उनको दो दिन पहले बक्सर की डिप्टी कमिश्नर (डीसी) लगाया गया है। हालांकि बिहार के शिक्षा जगत के लोग सरकार पर प्रेशर बना रहे हैं कि साहिला हीर को वापस एजुकेशन सिस्टम में लाया जाए। क्योंकि उन्होंने बतौर डायरेक्टर शिक्षा जगत में न केवल खासे बदलाव किए बल्कि शिक्षा का स्तर ऊंचा उठाने के लिए जमीनी स्तर पर नए कार्य किए।
साहिला हीर जालंधर के शिव विहार की रहने वाली हैं और 2018 में बतौर आईएएस चुनी गई। साहिला को बिहार कैडर में तैनात किया गया। साहिला जालंधर के एमजीएन स्कूल से पास आउट हैं, जहां पर 12वीं की कक्षा पास की। इसके बाद साहिला हीर थापर इंस्टीट्यूट पटियाला से इलेक्ट्रॉनिक्स व इंस्ट्रूमेंट कंट्रोल में डिग्री हासिल की। 2013 में थापर से डिग्री करने के बाद इवेंट मैनेजमेंट में पोस्ट ग्रेजुएशन की और 2017-18 में सिविल सर्विस के लिए चुनी गई। इसके बाद उनको बिहार में तैनात किया।
साहिला हीर की पहली पोस्टिंग बतौर एसडीएम नरकटियागंज में हुई। इसके बाद एडीसी विकास सहरसा, एडीसी पूर्णिया में तैनात किया गई। इसके बाद प्राथमिक शिक्षा की डायरेक्टर एजुकेशन तैनात की गई। इस तैनात के दौरान साहिला ने शिक्षकों की तबादलों की नीति तैयार की और पूर्ण रूप से पार्दिश्ता लागू की। इसके बाद वहां पर किसी भी शिक्षक को सिफारिश करवाने से निजात तो मिली साथ ही घर बैठे तबादले होने लगे। शिक्षकों की पुरानी लंबित प्रमोशन का रास्ता साहिला हीर ने खोला, जिससे लंबे समय से प्रमोशन की राह देख रहे शिक्षकों में नई ऊर्जा का संचार हुआ और नई भर्ती शुरू हो गई।
इसके अलावा शिक्षकों की शिकायतों का निपटारा कर एक व्यवस्था लागू कर दी, जिसके बाद शिक्षकों को शिकायत लेकर पटना आने की जरूरत ही नहीं पड़ी और एक भी शिकायत विभाग में लंबित नहीं रही। साहिला हीर बिहार में मीड-डे मील की डायरेक्टर भी रही और सारा सिस्टम चैनलाइज कर दिया और पूरा डाटा रोजाना अपलोड होने लगा, जिससे स्कैंडल रुक गए।
साहिला हीर की मां रिटायर प्रिंसिपल कुलजीत हीर व पिता बीएल हीर का कहना है कि बेटी पर पिछले समय काफी बोझ रहा, दिन रात एक कर उसने बिहार एजुकेशन सिस्टम को एक लाइन पर ला दिया। साहिला हीर के पति नितिन कुमार सिंह भी आईएएस अधिकारी हैं और वह भी 2018 के आईएएस कैडर से हैं। नितिन कुमार सिंह कैमूर जिले के डीसी हैं। वीरवार को दोनों ने अपने-अपने जिले में पदभार संभाल लिया है।
साहिला हीर की माता कुलजीत हीर का कहना है कि साहिला में स्कूल के समय में गजब की प्रतिभा थी और हमेशा साकारात्मक ऊर्जा को सहेजकर आगे चलती थी। बिहार में जिस तरह से शिक्षक उसकी बेटी साहिला हीर की वापसी की डिमांड कर रहे हैं, उससे उनको गर्व महसूस हो रहा है।
Discover more from India News
Subscribe to get the latest posts sent to your email.