करनाल में प्रदर्शन करते पंचायत कंप्यूटर ऑपरेटर।
करनाल में हरियाणा पंचायत कंप्यूटर ऑपरेटर संघ ने भारतीय मजदूर संघ के बैनर तले जोरदार प्रदर्शन किया। पंचायतों में वर्षों से काम कर रहे कंप्यूटर ऑपरेटरों ने सरकार पर वादे पूरे न करने और शोषण का आरोप लगाया।
प्रदर्शन के दौरान कर्मचारियों ने नारेबाजी की और अपनी मांगों को लेकर डीसी करनाल को ज्ञापन सौंपा। कर्मचारियों का कहना है कि पंचायतों का पूरा डिजिटल और कार्यालयी काम उन्हीं के भरोसे चलता है, लेकिन इसके बावजूद उन्हें सड़कों पर उतरना पड़ रहा है।
सारा पंचायत काम, फिर भी सम्मान और अधिकार नहीं
संघ के जिला अध्यक्ष पवन कुमार जोगी ने कहा कि पंचायतों में जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र, परिवार पहचान पत्र, विभिन्न योजनाओं की एंट्री, रिकॉर्ड अपडेट सहित सारा काम कंप्यूटर ऑपरेटर करते हैं। इसके बावजूद सरकार ने इनके साथ न्याय नहीं किया। उन्होंने कहा कि सरकार की नाकामी के कारण आज कर्मचारियों को आंदोलन का रास्ता अपनाना पड़ रहा है।
करनाल में प्रदर्शन करते पंचायत कंप्यूटर ऑपरेटर।
भर्ती के बाद भी अनिश्चित भविष्य
प्रदर्शनकारियों ने बताया कि 2023 में कंप्यूटर ऑपरेटरों की भर्ती की गई थी। भर्ती प्रक्रिया के दौरान कर्मचारियों से 2 बार पेपर लिए गए और हर बार एक-एक हजार रुपए की फीस सरकार के खजाने में जमा करवाई गई। इसके बावजूद न तो उन्हें स्थायी किया गया और न ही कोई स्पष्ट नीति बनाई गई।
मार्च 2025 से नहीं मिली सैलरी
कर्मचारियों का कहना है कि मार्च 2025 से अब तक उन्हें सैलरी नहीं मिली है। जो वेतन मिलता भी है, वह ऊंट के मुंह में जीरा समान है। हरियाणा सरकार की ओर से मात्र 6 हजार रुपए दिए जाते हैं, जो महंगाई के इस दौर में बेहद कम हैं। कंप्यूटर ऑपरेटरों ने बताया कि उनसे सुबह 9 बजे से शाम 5 बजे तक काम लिया जाता है, लेकिन हकीकत में जब तक सारा पेंडिंग काम खत्म नहीं होता, तब तक उन्हें पंचायत से जाने नहीं दिया जाता। इसके बावजूद न तो ओवरटाइम मिलता है और न ही कोई सुविधा।
मांगे नहीं मानी तो होगा बड़ा आंदोलन
भारतीय मजदूर संघ के पदाधिकारियों ने चेतावनी दी कि अगर सरकार ने कंप्यूटर ऑपरेटरों को पक्का करने, बकाया वेतन जारी करने और अन्य मांगें पूरी नहीं कीं तो भारतीय मजदूर संघ की सभी ट्रेड यूनियनें धरना-प्रदर्शन के लिए मजबूर होंगी।
Discover more from India News
Subscribe to get the latest posts sent to your email.