मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव शनिवार को सागर जिले के खुरई पहुंचे, जहां जनता के अभूतपूर्व स्वागत से वे भावुक हो उठे। विशाल जनसमूह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा, “खुरई वालों ने तो आज फूलों से होली और दिवाली एक साथ मना दी है। ऐसा स्वागत देखकर मैं दंग रह गया हूं। मन कर रहा है कि सब कुछ भूलकर यहीं रह जाऊं।” इस ऐतिहासिक दौरे के दौरान मुख्यमंत्री ने खुरई विधानसभा क्षेत्र के लिए 1000 करोड़ रुपये से अधिक की विकास योजनाओं की सौगात दी।
मुख्यमंत्री ने खुरई को विकास की नई ऊंचाइयों पर ले जाने के लिए कई बड़ी घोषणाएं कीं। राहतगढ़-खुरई–खिमलासा मार्ग के सुदृढ़ीकरण के लिए ₹500 करोड़ की लागत से 4-लेन सड़क निर्माण को स्वीकृति दी गई। बीना नदी परियोजना के लंबित कार्यों को शीघ्र पूर्ण करने के लिए ₹429 करोड़ का बजट स्वीकृत किया गया।
शिक्षा और खेल के क्षेत्र में खुरई में नवीन आईटीआई, कृषि महाविद्यालय भवन एवं छात्रावास के निर्माण हेतु ₹25 करोड़ की घोषणा की गई। इसके साथ ही नेचुरल एथलेटिक्स ट्रैक की भी सौगात दी गई। ऊर्जा क्षेत्र में ग्राम रजवांस में 132 केवीए विद्युत उपकेंद्र स्थापित करने की घोषणा की गई। मुख्यमंत्री ने ₹312 करोड़ की लागत से 86 विकास कार्यों का लोकार्पण एवं भूमिपूजन भी किया, जिनमें एसडीएम कार्यालय, तहसील भवन, सांदीपनी विद्यालय सहित अन्य महत्वपूर्ण निर्माण शामिल हैं।
150 से अधिक स्वागत मंचों पर लाड़ली बेटियों ने योग और मलखंभ का प्रदर्शन कर मुख्यमंत्री का मन मोह लिया।
ये भी पढ़ें- MP: रतलाम पहुंचे BJP प्रदेशाध्यक्ष, जीरामजी और निगम मंडलों व नगरीय निकायों की नियुक्तियों को लेकर कही ये बातें
‘बुंदेलखंड से हमारी सरकार का अटूट रिश्ता’
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि बुंदेलखंड वीरों और महाराजा छत्रसाल की धरती है। उन्होंने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि विपक्षी दलों ने हमेशा बुंदेलखंड की उपेक्षा की, जबकि भाजपा सरकार क्षेत्र के समग्र विकास के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने केन-बेतवा परियोजना और लाड़ली बहना योजना का उल्लेख करते हुए कहा कि भाजपा सरकार जो कहती है, वह करके दिखाती है। साथ ही प्रदेश में दूध उत्पादन को 9 प्रतिशत से बढ़ाकर 20 प्रतिशत करने का लक्ष्य भी साझा किया।
कार्यक्रम के आयोजक एवं खुरई विधायक भूपेंद्र सिंह ने स्वागत भाषण में कहा कि खुरई की जनता ने जो ऐतिहासिक स्वागत किया है, वह हमेशा याद रखा जाएगा। उन्होंने मुख्यमंत्री को क्षेत्र की विभिन्न मांगों से संबंधित ज्ञापन सौंपा, जिसे मुख्यमंत्री ने सहर्ष स्वीकार किया। कार्यक्रम में मंत्री गोविंद सिंह राजपूत, सांसद लता वानखेड़े, पं. गोपाल भार्गव सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि और नागरिक उपस्थित रहे।
Discover more from India News
Subscribe to get the latest posts sent to your email.