MP Black Tomato: क्या खेत में उगा ‘काला सोना’ है मुनाफे की गारंटी? पोषण से भरपूर है ये खास टमाटर; जानें कीमत
अब तक खेतों में लाल टमाटर आम दृश्य रहा है, लेकिन मध्य प्रदेश के बैतूल जिले में खेती की तस्वीर बदल रही है। यहां एक प्रगतिशील किसान ने टमाटर की ऐसी किस्म उगाई है, जिसने किसानों और कृषि विशेषज्ञों का ध्यान अपनी ओर खींचा है। यह है अमेरिका से आई खास किस्म का काला टमाटर, जिसे पोषण और कीमत दोनों के कारण ‘सुपरफूड’ माना जा रहा है। बैतूल के किसान अनिल वर्मा ने इस अनोखी फसल की खेती कर यह साबित किया है कि सही जानकारी और तकनीक के साथ खेती किसानों की आमदनी बढ़ाने का मजबूत जरिया बन सकती है। यह टमाटर गहरे बैंगनी से लगभग काले रंग का होता है और बाजार में इसकी कीमत 1000 रुपये प्रति किलो तक पहुंच सकती है।
पारंपरिक खेती से हटकर नई सोच
एमएससी (बॉटनी) की पढ़ाई कर चुके अनिल वर्मा लंबे समय से जड़ी-बूटियों और कृषि नवाचार पर काम कर रहे हैं। वे पारंपरिक फसलों के साथ मछली बीज हैचरी और सब्जी उत्पादन से भी जुड़े हैं। बढ़ती लागत और घटते मुनाफे को देखते हुए उन्होंने हाई-वैल्यू फसलों की ओर रुख किया। अनिल वर्मा का कहना है कि आज केवल पारंपरिक फसलों पर निर्भर रहना जोखिम भरा हो गया है। इसलिए किसानों को नई किस्मों और विशेष फसलों को अपनाना जरूरी है। इसी सोच से उन्होंने काले टमाटर की खेती शुरू की।

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खेता में उगाया गया काला टमाटर।
– फोटो : अमर उजाला
रिसर्च से मिली प्रेरणा
करीब एक दशक तक आदिवासी क्षेत्रों में जड़ी-बूटियों पर शोध के दौरान अनिल वर्मा को काले टमाटर की जानकारी मिली। उन्होंने बताया कि अंतरराष्ट्रीय रिसर्च रिपोर्ट्स में इसके एंटीऑक्सीडेंट और एंटी-इंफ्लेमेटरी गुणों को सामान्य टमाटर से कहीं अधिक बताया गया है। यह हृदय रोग, मोटापा और कुछ गंभीर बीमारियों के जोखिम को कम करने में सहायक माना जाता है।
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काले टमाटर की विदेशी नस्ल।
– फोटो : अमर उजाला
छोटे स्तर से शुरुआत
फिलहाल काले टमाटर की खेती प्रयोग के तौर पर सीमित क्षेत्र में की गई है। शुरुआती परिणाम उत्साहजनक रहे हैं। कुछ पौधों में 350 से 400 ग्राम तक वजन वाले टमाटर लगे हैं, जो सामान्य टमाटर से काफी बड़े हैं। किसान का कहना है कि अगले सीजन में खेती का दायरा बढ़ाया जाएगा।
खेती का तरीका
काले टमाटर की खेती सामान्य टमाटर जैसी ही होती है, लेकिन धूप, तापमान और जल निकासी पर विशेष ध्यान देना पड़ता है। अनिल वर्मा ने चेरी टाइप और बड़े आकार दोनों किस्में लगाई हैं। पर्याप्त धूप न मिलने पर फल का रंग पूरी तरह काला नहीं बन पाता।

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पोषण से भरपूर है ये काला टमाटर।
– फोटो : अमर उजाला
पोषण से भरपूर ‘सुपरफूड’
विशेषज्ञों के अनुसार काले टमाटर में विटामिन ए, विटामिन सी और एंथोसायनिन प्रचुर मात्रा में पाया जाता है। यही तत्व इसे गहरा रंग देता है और रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने में मदद करता है। इसी कारण हेल्थ-कॉन्शस उपभोक्ताओं में इसकी मांग तेजी से बढ़ रही है।
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बैतूल में उगाया गया काला सोना।
– फोटो : अमर उजाला
बाजार और कीमत
जहां सामान्य टमाटर कई बार 10-20 रुपये किलो बिकता है। वहीं काले टमाटर की कीमत बड़े शहरों में 800 से 1000 रुपये किलो तक मिल सकती है। स्थानीय बाजार में जागरूकता कम होने के कारण किसान इसे भोपाल, इंदौर, दिल्ली और मुंबई जैसे शहरों में भेजने की योजना बना रहे है।
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