कन्नौज। जिला कारागार में वर्ष 2013 में भी एक साथ 17 बंदियों ने भागने की कोशिश की थी। पुलिस ने उनके मंसूबों को कामयाब नहीं होने दिया था। अब यह दो बंदियों की रस्सी के सहारे भागने की पहली घटना है।
जिला कारागार मुख्यालय से 25 किलोमीटर दूर अनौगी गांव में बना है। वर्ष 2013 में एक विचाराधीन बंदी कमलेश कुमार की संदिग्ध हालात में मौत हो गई। बंदियों ने कारागार पुलिस की पिटाई से मौत होने का आरोप लगाया और हंगामा शुरू कर दिया। थोड़ी देर में जेल में बंद कैदियों और बंदियों ने पूरी जेल पर कब्जा जमा लिया और जेल की छत पर चढ़ गए। बंदियों का उग्र रूप देख कारागार पुलिस भाग गई। उसी दौरान 17 बंदियों ने भागने की कोशिश की लेकिन तब तक पुलिस और पीएसी ने पूरी जेल को घेर लिया था। इस वजह से बंदी भागने में सफल नहीं हो पाए। पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज की और इसमें 27 बंदियों को आरोपी बनाया। पिछले साल दो बंदियों को इस मामले में सात साल की कैद की सजा सुनाई गई। हालांकि दोनों डकैती और लूट के आरोप में पहले से बंद थे।
जेल गेट से भाग गया था मोहित
जिला जेल के गेट से एक बंदी मोहित हाल में ही 17 नवंबर 2025 को भाग गया था। उस पर किशोरी को भगाने का आरोप था। मोहित मूल रूप से ठठिया का रहने वाला था। कोर्ट से रिमांड के बाद पुलिसकर्मी उसे बाइक से जेल ले गए। दुर्भाग्य से जेल से एक किमी पहले बाइक पंक्चर हो गई। उसी दौरान आरोपी मोहित पुलिस कर्मी को धक्का देकर भाग गया। सात दिन पहले पुलिस इसे गिरफ्तार कर सकी है।
वर्ष 2012 में पहला कैदी हुआ था फरार
पुलिस के मुताबिक एक सितंबर 2012 को जिला कारागार से पहला कैदी धर्मेंद्र यादव फरार हो गया था। हालांकि पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया था। यह जिले में जेल से भागने की पहली घटना थी। इसके एक साल बाद 17 बंदियों ने एक साथ भागने की कोशिश की थी, लेकिन वह सफल नहीं हो सके थे।
वर्ष2020 में कोरोना पॉजिटिव भी भागा था
जिला जेल में एक बंदी सोनू उर्फ प्रमोद को 15 सितंबर 2020 को कोरोना पॉजिटिव होने पर एल वन अस्पताल में भर्ती कराया गया था। रात में खिड़की तोड़ के वह फरार हो गया था। दो दिन बाद उसे पकड़ कर जेल के अस्पताल में दाखिल कराया गया।
देर रात तक कोतवाली में डटे रहे एएसपी
गुरसहायगंज। जिला कारागार से दो बंदियों के भागने की घटा के बाद जेलर विनय प्रताप सिंह ने प्राथमिकी दर्ज कराई। इसके बाद अपर पुलिस अधीक्षक अजय कुमार कोतवाली पहुंचे और पुलिस कर्मियों की बैठक की। उन्होंने फरार बंदी अंकित और शिवा की गिरफ्तारी की रणनीति तैयार की। एएसपी ने बताया कि प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। जल्द ही दोनों को गिरफ्तार के फिर जेल भेजा जाएगा।
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