-एलईडी डिस्प्ले और आरएफआईडी सिस्टम से बसों की रियल टाइम मॉनिटरिंग की जाएगी
-कश्मीरी गेट, आनंद विहार और सराय काले खां बस अड्डे पर छह में खर्च होंगे 34 करोड़ रुपये
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। राजधानी के कश्मीरी गेट, आनंद विहार और सराय काले खां स्थित तीनों अंतरराज्यीय बस टर्मिनलों (आईएसबीटी) में अगले महीने से बड़े स्तर पर सुधार कार्य शुरू होंगे। दिल्ली परिवहन अवसंरचना विकास निगम (डीटीआईडीसी) इन कामों को छह महीने में पूरा करने का लक्ष्य लेकर चल रहा है। परियोजना की अनुमानित लागत 34 करोड़ रुपये है। अधिकारियों के अनुसार, इस कार्य में भवनों की मरम्मत, बिजली और मशीन संबंधी सिस्टम दुरुस्त करना, नई यात्री सूचना प्रणाली लगाना, आरएफआईडी आधारित प्रवेश व्यवस्था और एलईडी डिस्प्ले बोर्ड स्थापित करना शामिल है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने मई 2025 में इस योजना की घोषणा की थी।
अधिकारियों ने बताया कि बसों के आने-जाने की जानकारी अब वास्तविक समय में एलईडी बोर्ड पर दिखाई जाएगी। आरएफआईडी आधारित बूम बैरियर लगाए जाएंगे, जिससे बसों की आवाजाही पर नजर रखना आसान होगा। भवन ढांचे, बिजली व्यवस्था, सुरक्षा उपकरण और यात्री सुविधाओं को बेहतर किया जाएगा।सरकार का लक्ष्य आईएसबीटी को बेहतर और सुविधाजनक यात्री टर्मिनल बनाना है। योजना के तहत एस्केलेटर और चलने वाले रास्ते लगाए जाएंगे, ताकि यात्रियों को लंबी दूरी पैदल न चलना पड़े। स्वचालित टिकट मशीनें, डिजिटल सूचना बोर्ड, बेहतर प्रतीक्षालय और मनोरंजन क्षेत्र भी बनाए जाएंगे। बसों और निजी वाहनों के लिए बहुस्तरीय पार्किंग की व्यवस्था की जाएगी। कॉनकोर्स और प्रस्थान क्षेत्र को व्यवस्थित किया जाएगा। फूड कोर्ट, क्लॉकरूम, शिशु देखभाल कक्ष, आधुनिक लाउंज और अन्य यात्री सुविधाएं विकसित की जाएंगी। आईएसबीटी परिसर के एक हिस्से में शॉपिंग कॉम्प्लेक्स, कैफे, कार्यालय, बजट होटल और छात्र आवास जैसी व्यावसायिक सुविधाएं भी विकसित करने की योजना है। इससे विभाग को अतिरिक्त राजस्व मिलेगा और यात्रियों को एक ही परिसर में अधिक सेवाएं मिल सकेंगी। परिवहन विभाग के एक अन्य अधिकारी ने बताया कि कियोस्क और अन्य सेवा केंद्रों को बेहतर बनाया जाएगा, जिससे यात्रियों को सुविधाजनक अनुभव मिल सके।
मल्टीमॉडल कनेक्टिविटी पर फोकस
अधिकारियों ने बताया कि यह योजना विभिन्न परिवहन साधनों को आपस में बेहतर ढंग से जोड़ने की रणनीति का हिस्सा है। टर्मिनलों को मेट्रो, रेलवे स्टेशन और नमो भारत से जोड़ा जाएगा। सराय काले खान को बस, ट्रेन, मेट्रो और आरआरटीएस सेवाओं के बड़े केंद्र के रूप में विकसित किया जा रहा है, जिससे दिल्ली-एनसीआर में सफर आसान होगा। पैदल यात्रियों के लिए बेहतर रास्ते और वाहन-मुक्त क्षेत्र बनाए जाएंगे। विभाग यातायात पुलिस के साथ मिलकर टर्मिनलों के बाहर ट्रैफिक व्यवस्था सुधारने और अवैध पार्किंग पर रोक लगाने की भी तैयारी कर रहा है। अधिकारियों के मुताबिक, आईएसबीटी चौबीसों घंटे चलते हैं, इसलिए बिजली, सुरक्षा और सफाई व्यवस्था को मजबूत करना जरूरी है। योजना के तहत मशीनीकृत सफाई और स्वच्छता सुविधाओं को भी बेहतर किया जाएगा।