मंदसौर के शिवना नदी के तट पर स्थित विश्व प्रसिद्ध अष्टमुखी भगवान पशुपतिनाथ महादेव मंदिर में महाशिवरात्रि के अवसर पर भक्ति और श्रद्धा का अद्भुत दृश्य देखने को मिला। रविवार होने की वजह से भक्तों का उत्साह और अधिक देखने को मिला। प्रातः 4 बजे ब्रह्म मुहूर्त में मंदिर के पट खुलते ही भक्तों का जनसैलाब उमड़ पड़ा। भक्तों ने कतारबद्ध होकर भगवान पशुपतिनाथ के दर्शन किए और पूजा-अर्चना की।
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हजारों श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए। 200 से अधिक पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया, जबकि मंदिर परिसर में लगे आधा सैकड़ा सीसीटीवी कैमरों से निगरानी की गई। शिवना नदी के घाट पर एसडीआरएफ की टीम मोटर बोट के साथ तैनात रही। मंदिर के पुजारियों ने भगवान पशुपतिनाथ की विशालकाय प्रतिमा का पंचामृत अभिषेक किया और मंगला आरती के बाद विशेष शृंगार किया और गर्भगृह को फूलों से सजाया गया, जिससे मंदिर की अलौकिक छटा देखने लायक थी।
महाशिवरात्रि पर विभिन्न संस्थाओं द्वारा 11 क्विंटल खीर और 51 क्विंटल खिचड़ी का प्रसाद भक्तों में वितरित किया गया वहीं, मंदिर पर की गई आकर्षक विद्युत सज्जा ने सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया। मंदसौर के सांसद सुधीर गुप्ता, विधायक विपिन जैन, चन्द्रसिंह सिसोदिया और अन्य जनप्रतिनिधियों ने भगवान पशुपतिनाथ के दर्शन किए।
पशुपतिनाथ मंदिर के पुजारी राकेश व्यास के अनुसार, महाशिवरात्रि की रात को चारों पहर में विशेष अभिषेक और आरती की जाएगी। पट सोमवार दोपहर 1 बजे भगवान के शयनकाल में बंद होंगे। इस महाशिवरात्रि पर लगभग 50 हजार भक्तों ने भगवान पशुपतिनाथ के दर्शन किए, जिससे मंदिर परिसर भक्ति और आस्था से सराबोर हो गया।
पशुपतिनाथ लोक के लोकार्पण के बाद पहली शिवरात्रि
उज्जैन के महाकाल लोक की तर्ज पर मंदसौर में भी पशुपतिनाथ का लोकार्पण हाल ही के दिन में मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने किया था, जिसके बाद यह पहली शिवरात्रि है। पशुपतिनाथ लोक को निहारने भी बड़ी संख्या में भक्त पहुंचे और त्रिनेत्र रुद्राकानी के समक्ष सेल्फी लेते नजर आए।
महाशिवरात्रि पर अष्टमुखी भगवान पशुपतिनाथ मंदिर में उमड़ा भक्तों का सैलाब

अष्टमुखी भगवान पशुपतिनाथ
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