गोड्डा पुलिस ने रेलवे की संस्था आईआरसीटीसी में नौकरी दिलाने के नाम पर बड़ी ठगी करने वाले एक युवक को गिरफ्तार किया है। आरोपी राकेश रौशन को रूपियामा गांव से पकड़ा गया। वह लंबे समय से फर्जी प्रशिक्षण केंद्र चालू कर लोगों को नौकरी का लालच देकर रुपए ऐंठ र
गोड्डा एसपी मुकेश कुमार के निर्देश पर ट्रेनी डीएसपी कुमार गौरव के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई थी। टीम को गुप्त सूचना मिली कि जिले में आईआरसीटीसी की नौकरी के नाम पर बड़े पैमाने पर ठगी की जा रही है। इसी आधार पर विभिन्न इलाकों में लगातार छापेमारी अभियान चलाया गया।
फर्जी दस्तावेजों का जखीरा मिला
छापेमारी और अनुसंधान के दौरान पुलिस ने बसंतराय थाना क्षेत्र के महेशपुर निवासी राकेश रौशन को गिरफ्तार किया। पूछताछ में उसने स्वीकार किया कि वह अपने सहयोगियों के साथ मिलकर बड़े पैमाने पर लोगों को ठगता था। पुलिस ने आरोपी के पास से एक की-पैड मोबाइल फोन, आईआरसीटीसी के नाम से तैयार फर्जी चेक लिस्ट, फर्जी एग्रीमेंट और कई संदिग्ध दस्तावेज बरामद किए।
गोड्डा अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी अशोक प्रियदर्शी के अनुसार, आरोपी ने नगर थाना क्षेत्र में आईआरसीटीसी के नाम पर एक फर्जी कार्यालय भी खोला था, जहां वह प्रशिक्षण और नौकरी दिलाने के नाम पर लोगों से मोटी रकम वसूलता था। कार्यालय में आने वाले युवाओं को यह विश्वास दिलाया जाता था कि प्रशिक्षण के बाद उन्हें रेलवे में स्थायी नौकरी मिल जाएगी।
दुमका तक फैला ठगी का नेटवर्क
पुलिस के अनुसार राकेश रौशन ने अब तक करीब 150 से 200 लोगों को अपना शिकार बनाया है। ठगी का यह नेटवर्क गोड्डा से लेकर दुमका तक फैला हुआ था, जहां कई युवक नौकरी की लालच में उसके जाल में फंस गए। आरोप है कि वह जल्दी ही बिहार में भी इसी तरह का फर्जी प्रशिक्षण केंद्र खोलने की तैयारी में था, लेकिन इससे पहले ही पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया।
Discover more from India News
Subscribe to get the latest posts sent to your email.