अल्मोड़ा नगर के पास पुलिस लाइन क्षेत्र में बीते एक महीने से दहशत का पर्याय बन चुका तेंदुआ आखिरकार वन विभाग के पिंजरे में कैद हुआ। लोगों ने सुबह तेंदुए को पिंजरे में फंसा देखा तो इसकी सूचना वन विभाग को दी। मौक पर पहुंची वन विभाग की टीम तेंदुए को एनटीडी स्थित रेस्क्यू सेंटर ले गई है।
पुलिस लाइन में बीते एक महीने से अधिक समय से तेंदुए की सक्रियता बढ़ने से लोग खौफ के साए में जीने को मजबूर थे। लोगों की शिकायत पर 20 दिन पूर्व वन विभाग ने प्रभावित क्षेत्रों में ट्रैप कैमरे और पिंजरा स्थापित किया। वन विभाग को दहशत बने इस तेंदुए को पकड़ने में सफलता मिली। वन क्षेत्राधिकारी मोहन राम आर्या ने बताया की पिंजरे में कैद तेंदुआ नर है और इसकी उम्र सात से आठ वर्ष के बीच है। बताया कि रेस्क्यू सेंटर में चिकित्सकों की निगरानी में उसका स्वास्थ्य परीक्षण किया जाएगा। कुछ दिन ऑब्जर्वेशन में रखने के बाद उसे सुरक्षित वन क्षेत्र में छोड़ दिया जाएगा। टीम में अनुभाग अधिकारी अमित सिंह भैसोड़ा, सत्येंद्र नेगी, कविता, विवेक तिवारी, मनोज, नीरज आदि मौजूद रहे।