कियोस्क संचालक पर सेवानिवृत्त अधिकारी से 20 लाख हड़पने का आरोप है।
सीधी के रामपुर नैकिन जनपद पंचायत क्षेत्र के ग्राम चकडौर में एक रिटायर्ड अधिकारी ने 20 लाख रुपए हड़पने का आरोप लगाया है। मंगलवार को इस मामले की खड्डी चौकी में शिकायत दर्ज कराई गई। गांव में भी तनावपूर्ण माहौल बन गया, जहां बड़ी संख्या में ग्रामीण एक किय
दो साल पहले हुए थे रिटायर
आवेदक सूरजन सिंह ने पुलिस को दिए आवेदन में बताया कि वे कोयला खदान से संबंधित भविष्य निधि में क्षेत्रीय आयुक्त के पद पर कार्यरत थे। लगभग दो साल पहले सेवानिवृत्त हुए हैं। सेवानिवृत्ति के समय उन्हें भविष्य निधि और अन्य मदों से करीब 4 करोड़ 16 लाख 969 रुपए की राशि मिली थी।
कियोस्क संचालक पर राशि हड़पने का आरोप
सूरजन सिंह का आरोप है कि गांव के ही कियोस्क संचालक संतलाल बंसल ने उनका विश्वास जीतकर धीरे-धीरे करीब 20 लाख रुपए की राशि हड़प ली।
मंगलवार को इस मामले को लेकर लगभग 50 ग्रामीण कियोस्क संचालक संतलाल बंसल के घर पहुंच गए और हंगामा करने लगे। ग्रामीणों ने मांग की कि मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और अगर गबन साबित होता है तो दोषी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए।
ग्रामीणों ने कियोस्क संचालक पर कार्रवाई की मांग की है।
पुलिस की समझाइश के बाद शांत हुए ग्रामीण
हंगामे की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया। पुलिस की समझाइश के बाद ग्रामीण शांत हुए और स्थिति सामान्य हो सकी।
खड्डी चौकी प्रभारी नीरज साकेत ने इस पूरे मामले पर जानकारी देते हुए बताया कि प्राथमिक जांच में यह सामने आया है कि सूरजन सिंह को प्रति माह 1650 रुपए पेंशन मिलती है। हालांकि, 2022 से उनके खाते में पेंशन की राशि नहीं आई है।
चौकी प्रभारी के अनुसार, पेंशन बंद होने का मुख्य कारण बैंक में जीवित प्रमाण पत्र (लाइफ सर्टिफिकेट) जमा न करना हो सकता है। नियमों के मुताबिक, जीवित प्रमाण पत्र जमा न होने पर पेंशन का भुगतान रोक दिया जाता है।
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